गाय के गोबर से पेंट बनाने का कार्य

Last Updated on 11 months by Editorial Staff

डिस्टेंपर और इमल्शन में आने वाला यह पेंट इको फ्रेंडली, नॅान टौक्सिक, एंटी बैक्टीरियल, एंटी फंगल और वॅाशेबल होगा और केवल चार घंटे में सुखेगा। इससे पशुधन रखने वाले किसानों को साल में 55 हजार रूपए की अतिरिक्त आमदनी होगी।

केंद्रीय खादी ग्रामोद्योग आयोग ने आज गोमय अर्थात गाय के गोबर से बने हुए विशेष वैदिक पेंट को लॉन्च किया।डिस्टेंपर और इमल्शन में आने वाला यह पेंट इको फ्रेंडली, नॉन टौक्सिक, एंटी बैक्टीरियल, एंटी फंगल और वाशेबल होगा और केवल चार घंटे में सुखेगा।

इससे पशुधन रखने वाले किसानों को साल में 55 हजार रूपए की अतिरिक्त आमदनी होगी। इसकी कीमत ₹110 लीटर होगी।इसके अलावा प्लास्टिक से हो रहे प्रदूषण को रोकने के लिये KVIC द्वारा वेस्ट प्लास्टिक को मिलाकर हैंडमेड पेपर प्रोडक्ट बनाए जा रहे हैं। इन प्रोडक्ट्स में 20% वेस्ट प्लास्टिक का इस्तेमाल होता है जिससे इनकी कीमत 34% कम है।देश में 2640 हैंडमेड पेपर यूनिट है जहां ‘रिप्लान’ योजना अपनाई जाएगी। जिससे एक साल में 3 हजार टन वेस्ट प्लास्टिक इस्तेमाल होगा।

गाय के गोबर से पेंट बनाने का कार्य